महिला सशक्तिकरण के तहत ‘चेतना’ कार्यक्रम एवं निः शुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन डी.पी. विप्र महाविद्यालय में हुआ

बिलासपुर । स्थानीय डी.पी. चित्र महाविद्यालय में महिला सशक्तिकरण हेतु चेतना कार्यक्रम चेतना विरूद्ध एवं बाल अपराध बिलासपुर पुलिस एवं एन.सी.सी./एन.एस.एस. के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित की गई साथ ही महाविद्यालय में शासकीय आयुर्वेदिक महाविद्यालय बिलासपुर के तत्वावधान में आयुर्वेदिक स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि ए.एस.पी. गरिमा द्विवेदी बिलासपुर, विशिष्ट अतिथि डॉ. प्रदीप सूर्यवंशी, पार्षद श्री कृष्णा रजक प्रभारी, प्राचार्य एम.एस. तम्बोली, एन.सी.सी. प्रभारी डॉ. आशीष शर्मा, एन.एस.एस. अधिकारी डॉ. किरण दुबे, प्रो. यूपेश कुमार उपस्थित रहे।

01 जून 2024 से प्रारंभ की गई ‘चेतना अभियान का उद्देश्य विभिन्न सामाजिक समस्याओं के प्रति जागरुकता उत्पन्न करना है, वर्तमान में इस कार्यक्रम का मुहिम “महिलाओं तथा बाल अपराध के प्रति बढ़ती अपराधिक प्रवृत्तियों पर अंकुश लगाना है। ए.एस.पी. गरिमा द्विवेदी ने कहा कि महिलाओं के प्रति बढ़ती अपराध का प्राथमिक कारण बालिकाओं को बचपन से ही अत्यधिक सहनशील एवं कमजोर बनाने की प्रवृत्ति रही है। महिलाओं में अपने अधिकारों के प्रति अभाव के कारण यह अपनी समस्याओं को परिवार व मित्रों के समक्ष नहीं रख पाती है, जिससे अपराधियों को बल मिलता है, आगे उन्होंने कहा कि वर्तमान पुलिस प्रणाली पूर्ण संवेदनशीलता के साथ इस तरह के अपराधों पर निजात हेतु प्रयासरत है।

कार्यक्रम में उपस्थित डॉ. प्रदीप सूर्यवंशी ने स्वास्थ्य समस्याओं पर अपनी विचार प्रगट करते हुए स्वस्थ जीवन हेतु आयुर्वेद को अपनाने की बात कही।
प्राचार्य एम.एस. तम्बोली ने अपने उद्बोधन में कहा कि नारी के अभाव में सृष्टि की कल्पना तक नहीं की जा सकती। दुर्गा सप्तसती में नारी के विभिन्न स्वरूपों का वर्णन जीवन-प्रदायिनी तथा जीवन-संवर्द्धनी के रूप में की गई है, जो गृहस्थ जीवन को स्वर्ग बनाती है। नारियों के प्रति बढ़ती अपराध गतिविधियों पर रोक हेतु नैतिक शिक्षा पर बल देने की बात कही।
कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. आभा तिवारी ने एवं आभार प्रदर्शन डॉ. आशीष शर्मा द्वारा किया गया।
डॉ. मनीष तिवारी, डॉ. विवेक अम्बलकर, प्रो. ए.श्रीराम, प्रो. निधिष चौये, डॉ. एम.एल. जायसवाल, डॉ. किरण दुवे, प्रो. विश्वास विक्टर, डॉ. ऋचा हाण्डा, डॉ. अजय यादव, शैलेन्द्र तिवारी, डॉ. शिखा पहारे, प्रो. तोषिना मिश्रा प्रो. जयंत रॉय, डॉ. सुरूचि श्री प्रदीप जायसवाल, श्री रूपेन्द्र शर्मा, श्री लोकेश कुमार वर्मा, डॉ ज्योति तिवारी, बृजेश कुमार सगराम चन्द्रवंशी, श्री तोरण यादव एवं आयुर्वेद महाविद्यालय से आये डॉ. समीर तिवारी, डॉ सैफीलाल गुप्ता, डॉ. अजय कुमार सिंह एवं कर्मचारी तथा महाविद्यालय के प्राध्यापकगण, कर्मचारीगण, एन.सी.सी. एन.एस.एस. के छात्र-छात्राएँ बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।