लिंगियाडीह बचाओ आंदोलन का 105वाँ दिन: सिंधी युवक समिति और हिन्दू परिषद ने दिया समर्थन

बिलासपुर। लिंगियाडीह में अपना आशियाना बचाने के लिए चल रहा लिंगियाडीह बचाओ आंदोलन 105वें दिन भी जारी रहा। यहां के 136 गरीब परिवारों की महिलाएं पिछले कई दिनों से धूल और धूप में धरने पर बैठकर अपने घरों को बचाने की लड़ाई लड़ रही हैं।

आंदोलनकारियों का कहना है कि शहर विकास के नाम पर उनकी वर्षों पुरानी बस्तियों को तोड़ा जा रहा है, जो उचित नहीं है। उनका कहना है कि अपोलो रोड की सड़कें अब पर्याप्त चौड़ी हो चुकी हैं, इसके बावजूद वहां के पुराने बसे लोगों को बेदखल कर उन्हें बेघर करने की तैयारी की जा रही है।
धरने पर बैठे लोगों ने कहा कि यदि बस्तियां तोड़ी जाती हैं तो न केवल उनका आशियाना छिन जाएगा, बल्कि उनकी रोजी-रोटी पर भी गहरा संकट खड़ा हो जाएगा। कई परिवार छोटे-छोटे दुकानों के माध्यम से अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं, वहीं कई महिलाएं सब्जी बेचकर घर चलाती हैं। ऐसे में बस्ती उजड़ने से उनके सामने जीवनयापन की बड़ी समस्या खड़ी हो जाएगी।
इस आंदोलन को समर्थन देने के लिए आज सिंधी युवक समिति के सलाहकार मोहन मदवानी, अखिल भारतीय हिन्दू परिषद के उत्कर्ष गढ़वाल, अखिल भारतीय हिन्दू परिषद के प्रदेश मीडिया प्रभारी कमल दूसेजा सहित कई सामाजिक कार्यकर्ता धरना स्थल पहुंचे।
इस दौरान श्रीमती यशोदा पाटिल, कुंती तिवारी, डॉ. रघु साहू, साखन दरवे, भोला राम साहू, प्रशांत मिश्रा, श्रवण दास मानिकपुरी, चतुर सिंह यादव, सिद्धार्थ भारती, आदर्श सिद्धार्थ, दिनेश घोरे, डॉ. अशोक शर्मा, रूपेश साहू, ओंकार साहू, गोपी देवांगन, गोलू देवांगन, अग्नू साहू, सलीम मेमन सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे और आंदोलन को अपना समर्थन दिया।
मातृशक्ति की रही भारी उपस्थिति
धरना स्थल पर बड़ी संख्या में महिलाओं की भी उपस्थिति रही। इनमें रामबाई, राधा साहू, रामौतिन, सूरजबाई, कुमारी निषाद, संतोषी यादव, कुंती प्रजापति, चमेली रजक, जानकी गोड, फुलबाई साहू, पिंकी देवांगन, अनिता पाटिल, उर्मिला पाटिल, लीला पाटिल, रूपा सरकार, सरस्वती देवांगन, पुष्पा देवांगन, लता देवांगन, राजकुमारी देवांगन, मथुरा सूर्यवंशी, जमुना सूर्यवंशी, सनी अहिरवार, चंद्रमा अहिरवार, जयकुमार अहिरवार, पीहरिया केवट, सोनबाई, कुंडिया केवट, सोनिया केवट, नंदनी ध्रुव, पिंकी बाई चौहान, प्रमिला ध्रुव, रानी देवांगन, साधना यादव, चंद्रकली निषाद, सीता साहू, सुशीला साहू, सुवासिन साहू, कुमारी यादव, अमेरिका श्रीवास, नंदकुमारी देवांगन, अनीता ध्रुव, रूपा देवी, गायत्री देवांगन, सहोदर गोड, सीता केवट, जानकी देवांगन, सोनिया मानिकपुरी, कौशल्या मानिकपुरी, मालती मानिकपुरी, मरजीना बेगम, सरस्वती यादव, वंदना डे, खोलबहरीन यादव, अनूपा श्रीवास, सुशीला श्रीवास, रामबाई मानिकपुरी, दुर्गा श्रीवास, सावित्री यादव, सुखमति मानिकपुरी, मीरा, शिवकुमारी देवांगन, अर्पणा पटेल, हेमलता देवांगन, सरिता राजपूत, मालती यादव, संतोष सहित बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं।
धरना स्थल पर सर्वदलीय महाधरना आंदोलन में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और आंदोलनकारियों के साथ एकजुटता जताई।